नारी शक्ति वंदन अधिनियम सशक्त नारी, समृद्ध भारत की दिशा में ऐतिहासिक पहल

मीडिया हाउस लखनऊ –“सशक्त नारी, सशक्त भारत” के संकल्प को साकार करते हुए नोएडा, जनपद गौतम बुद्ध नगर में आयोजित नारी शक्ति वंदन अधिनियम अभियान कार्यक्रम में संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि यह अधिनियम भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में स्थापित हो चुका है। यह महिलाओं को न केवल समान अधिकार देता है, बल्कि उन्हें निर्णय प्रक्रिया में सहभागी बनाकर राष्ट्र-निर्माण को नई दिशा प्रदान करता है। कार्यक्रम में केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं को लोकसभा एवं राज्य विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण प्रदान कर उन्हें सशक्त बनाने का एक ऐतिहासिक कदम है। यह अधिनियम केवल एक विधिक प्रावधान नहीं, बल्कि देश के सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक विकास को नई ऊर्जा देने वाला परिवर्तनकारी निर्णय है।

कार्यक्रम में केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। सरकार का स्पष्ट दृष्टिकोण है कि जब नारी सशक्त होती है, तब परिवार, समाज और राष्ट्र—सभी सशक्त होते हैं। “महिलाओं के विकास” से आगे बढ़कर अब “महिलाओं के नेतृत्व में विकास” की अवधारणा को साकार किया जा रहा है। केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को सदैव शक्ति, संवेदना और सृजन की प्रतीक माना गया है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम इसी मूल भावना को सुदृढ़ करते हुए महिलाओं को नेतृत्व और निर्णय क्षमता के केंद्र में स्थापित करता है। यह अधिनियम महिलाओं के आत्मविश्वास, सम्मान एवं सामाजिक प्रतिष्ठा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का कार्य करेगा।

मिशन शक्ति के तहत "कम्युनिटी पुलिसिंग एवं महिला सशक्तिकरण" अभियान के अंतर्गत महिलाओं/बालिकाओं की सुरक्षा, जागरुकता एवं सामुदायिक पहुँच हेतु गोष्ठी का आयोजन ।

उन्होंने कहा कि आज भारत की महिलाएं सेना, विज्ञान, खेल, शिक्षा एवं राजनीति सहित विभिन्न क्षेत्रों में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इसके बावजूद निर्णय प्रक्रिया में उनकी भागीदारी अपेक्षाकृत कम रही है, जिसे यह अधिनियम संतुलित करने का एक प्रभावी माध्यम बनेगा। केशव प्रसाद मौर्य ने विश्वास व्यक्त किया कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम आने वाले समय में देश की लोकतांत्रिक संरचना को और अधिक समावेशी, सशक्त एवं प्रगतिशील बनाएगा तथा “सशक्त नारी, समृद्ध भारत” के लक्ष्य को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस अवसर पर सत्येंद्र सिसोदिया जी, महेश चौहान जी, पूर्व राज्यसभा सांसद कांता कर्दम जी सहित अनेक गणमान्य जनों की गरिमामयी उपस्थिति रही।

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