मनसे ने की औरंगजेब की कब्र से सजावट हटाने की मांग, एमआईएम ने किया विरोध

मुंबई, 1 अप्रैल (आईएएनएस)। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के सरचिटणीस नयन कदम ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखकर औरंगजेब की कब्र पर की गई सजावट को हटाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि कब्र पर कोई भी सजावट बर्दाश्त नहीं की जाएगी और वहां सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने चाहिए, ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
नयन कदम ने यह भी मांग की कि जो भी व्यक्ति औरंगजेब की कब्र पर चादर या फूल चढ़ाएगा, उसके खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज किया जाना चाहिए। उन्होंने इसे राज्य की सांस्कृतिक विरासत और मराठा शौर्य के खिलाफ एक अपमानजनक कृत्य बताया है।
मनसे की इस मांग का एआईएमआईएम के नेता वारिस पठान ने कड़ा विरोध किया है। उन्होंने कहा कि ऐसी मांग करना पूरी तरह असंवैधानिक है और धार्मिक भावनाओं को भड़काने की कोशिश है।
वारिस पठान ने तंज कसते हुए कहा, “अगर औरंगजेब की कब्र पर बोर्ड लगाने की मांग की जा रही है, तो फिर लाल किले पर भी बोर्ड लगाना चाहिए, जहां से प्रधानमंत्री हर साल भाषण देते हैं।”
बता दें कि मनसे और एआईएमआईएम के बीच इस मुद्दे को लेकर विवाद तेज हो गया है। महाराष्ट्र में पिछले कुछ दिनों से औरंगजेब की कब्र को लेकर राजनीति हो रही है। खासकर हिंदुत्ववादी संगठन इसे हटाने की मांग कर रही है।
इसे देखते हुए छत्रपति संभाजीनगर के खुल्दाबाद स्थित औरंगजेब की कब्र के आसपास सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है और पुलिस ने इलाके में अपनी मौजूदगी और बढ़ा दी है। कब्र की सुरक्षा को सख्त बनाने के लिए इसके पीछे की दीवार पर लोहे के बड़े-बड़े पट्टे (लोहे की चादर) लगाए गए हैं, ताकि किसी को भी इस स्थान पर बिना अनुमति के प्रवेश करने से रोका जा सके।
इससे पहले, निजाम शासनकाल में औरंगजेब की कब्र की सुरक्षा के लिए हज़रत ख्वाजा सैयद ज़ैनुद्दीन शिराजी द्वारा संगमरमर की जाली लगवाई गई थी। इसके बाद, कब्र पर सुरक्षा बढ़ाने के लिए हरे रंग की जालीदार प्लास्टिक का जाल भी लगाया गया था। अब, सुरक्षा उपायों के तहत, औरंगजेब की कब्र के आसपास लोहे के चादरों की बाउंड्री खड़ी की गई है।
–आईएएनएस
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