पलामू-कर्पूरी ठाकुर सामाजिक न्याय के पुरोधा थे-लवली गुप्ता


मीडिया हाउस न्यूज एजेन्सी पांकी/पलामू-पांकी कर्पूरी चौक स्थित कर्पूरी ठाकुर के आदमकद प्रतिमा पर भाजपा प्रदेश कोषाध्यक्ष सह पूर्व जिला पार्षद लवली गुप्ता ने कर्पूरी ठाकुर की 101 वीं जयंती के उपलक्ष्य में माल्यार्पण किया। मौके पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत रत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर जी की आज जन्म जयंती है।उनका जन्म बिहार के समस्तीपुर जिले के पितौझिया गांव में हुआ था।अब वह गांव कर्पूरी ग्राम के नाम से जाना जाता है।उनके पिता का नाम गोकुल ठाकुर एवं माता का नाम राम दुलारी देवी था।वे एक कर्तव्यनिष्ठ एवं कुशल जननेता थे। उनका जीवन गरीबों और शोषितों ,दलितों,पीड़ितों के लिए समर्पित था।
आज उनकी विरासत और आदर्शों को याद करते हुए उन्हें शत-शत नमन करने का दिन है। कर्पूरी ठाकुर बिहार में दो बार मुख्यमंत्री,एक बार उप मुख्यमंत्री,दशकों तक विधायक और विरोधीदल के नेता रहे।1952 की पहली विधानसभा का चुनाव जीतने के बाद वे कभी विधानसभा का चुनाव नहीं हारे।राजनीति में इतना लंबा सफर तय करने के बाद भी अपने परिवार को विरासत में देने के लिए एक मकान तक उनके नाम नहीं था।ऐसा था कर्पूरी ठाकुर का जीवन। उन्होंने अपने प्रभाव का इस्तेमाल गरीबों , शोषितों और वंचितों के हित में किया। समाजवादी नेता कर्पूरी ठाकुर हमेशा सामान्य बंधुत्व और सभी के लिए न्याय में विश्वास रखते थे। भारत में सामाजिक न्याय और सशक्तिकरण के पर्याय कर्पूरी ठाकुर जी ने बिहार के राजनीतिक पटल पर एक अमिट छाप छोड़ी है जो हम देश वासियों के लिए अनुकरणीय है।उन्हें देश में सामाजिक न्याय के विचार को विकसित करने का श्रेय दिया जाता है ।
बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में उनका कार्यकाल उल्लेखनीय था। शिक्षा के क्षेत्र में सभी के लिए शिक्षा सुलभ हो इसके लिए उन्होंने अपने पूरे जीवन कार्य किया।शिक्षा उन लोगों के लिए सुलभ हो गया जो ऐतिहासिक रूप से हाशिए पर थे। हमें उनके जैसे नेता की आज आवश्यकता है ,जो गरीबों और शोषितों के लिए लड़ाई को लड़े। उनके बताए मार्ग पर चलकर,उनके आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। मौके पर उपस्थित। वीरेंद्र सिंह, समाज सेवी अनुप गुप्ता,धनंजय सिंह ,व्यास यादव , महरण यादव , पंकज गुप्ता , विकेश गुप्ता, राजकुमार गुप्ता, कैलाश गुप्ता सहित सैकड़ो की संख्या में लोग उपस्थित थे।










