बीपीएससी छात्रों पर लाठीचार्ज निंदनीय, उनकी मांग पूरी की जाए : तेजप्रताप यादव

हाजीपुर, 8 दिसंबर (आईएएनएस)। बिहार के पूर्व मंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजप्रताप यादव रविवार को वैशाली के जिला मुख्यालय हाजीपुर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने बिहार लोक सेवा आयोग की 70वीं परीक्षा के अभ्यर्थियों पर हुए लाठीचार्ज की निंदा की और कहा कि उनकी मांग पूरी की जानी चाहिए।

उन्होंने पत्रकारों से चर्चा के दौरान कहा कि बीपीएससी अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज निंदनीय है। इसमें सरकार पूरी तरह से दोषी है। उनकी मांग पूरी की जानी चाहिए। वे छात्रों के साथ हैं।

पटना में शुक्रवार को बीपीएससी 70वीं सिविल सेवा परीक्षा में नॉर्मलाइजेशन को लेकर सैकड़ों अभ्यर्थी बीपीएससी कार्यालय के पास पहुंचे थे। लेकिन, पुलिस ने अभ्यर्थियों को वहां जाने से रोक दिया।

जब अभ्यर्थियों ने विरोध किया तो पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस ने अभ्यर्थियों को सड़क पर दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। इस घटना से वहां भगदड़ की स्थिति बन गई। इस घटना में कई अभ्यर्थी चोटिल हुए हैं।

इससे पहले बीपीएससी अभ्यर्थियों पर हुए लाठीचार्ज को राजद नेता तेजस्वी यादव ने छात्रों के भविष्य संग खिलवाड़ बताया था। उनके मुताबिक प्रदेश में अफसरशाही चरम पर है।

तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि देखिए, लाठीचार्ज तो हुआ है और यह लाठी-डंडे वाली सरकार है। अफसरशाही पूरे चरम पर है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार होश में नहीं हैं। नहीं जानते बिहार में क्या हो रहा है। सच बात तो यह है कि मुख्यमंत्री से बिहार चल नहीं पा रहा है। लगातार छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बताएं कि सर्वर डाउन होने की वजह से जो नौजवान परेशान हैं, लाखों अभ्यर्थी जो फॉर्म नहीं भर पाए हैं, इसके लिए दोषी छात्र-छात्राएं नहीं हैं। बिहार सरकार को छात्रों को मौका देना चाहिए। सर्वर को एक-दो दिन के लिए खोल देना चाहिए। जिससे लाखों छात्र फॉर्म भर सकें।

दिल्ली प्रीमियर लीग : हिंदुस्तान ने डीएफसी को पटखनी दी

उन्होंने यह भी कहा कि हम जनता और नौजवानों की आवाज नहीं उठाएंगे तो कौन उठाएगा? छात्रों की आवाज यह लोग क्यों नहीं उठाते हैं? दस दिन से नॉर्मलाइजेशन को लेकर प्रदर्शन चल रहा है। सरकार को पहले बताना चाहिए था। अब लाठीचार्ज करने के बाद बता रहे हैं।

–आईएएनएस

एमएनपी/एबीएम

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *