दिल्ली : पूर्व नासा अंतरिक्ष यात्री माइक मासिमिनो ने अटल टिंकरिंग लैब का किया दौरा

नई दिल्ली, 1 मार्च (आईएएनएस)। नीति आयोग के अटल इनोवेशन मिशन (एआईए) ने शुक्रवार को पूर्व नासा अंतरिक्ष यात्री और कोलंबिया विश्वविद्यालय के मैकेनिकल इंजीनियरिंग के प्रोफेसर माइक मासिमिनो का अटल टिंकरिंग लैब में विशेष दौरा आयोजित किया। इसका उद्देश्य छात्रों में वैज्ञानिक जिज्ञासा को बढ़ावा देना और युवा दिमागों को प्रेरित करना था, जिससे उन्हें एक अनुभवी अंतरिक्ष यात्री से मिलने का अवसर मिला, जिन्होंने दो अंतरिक्ष शटल मिशनों का हिस्सा बनकर हबल स्पेस टेलीस्कोप की सेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

मॉडर्न पब्लिक स्कूल की प्रिंसिपल अलका कपूर ने छात्रों के साथ गणमान्य अतिथि का स्वागत किया, जिसके बाद नीति आयोग के एआईएम के इनोवेशन लीड शुभम गुप्ता ने अटल टिंकरिंग लैब पर एक प्रस्तुति दी।

इस दौरान छात्रों ने लैब में विकसित विभिन्न नवोन्मेषी प्रोजेक्ट्स का प्रदर्शन किया, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि एआईएम ने युवा शिक्षार्थियों में समस्या-समाधान और आलोचनात्मक सोच की संस्कृति को बढ़ावा देने में कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। माइक ने उन छात्रों से भी बातचीत की, जो प्रसिद्ध अजादीसैट उपग्रह प्रक्षेपण का हिस्सा हैं। यह उपग्रह भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) और स्पेसकिड्ज के संयुक्त प्रयास का परिणाम है, जिसे देश के 75 स्कूलों की 750 छात्राओं ने बनाया था। इस आठ किलोग्राम के उपग्रह में 75 फेम्टो प्रयोग, सेल्फी कैमरे और लंबी दूरी के संचार ट्रांसपोंडर शामिल हैं। स्पेसकिड्ज की संस्थापक केसन ने भी माइक को एसटीईएम (विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित) में छात्राओं को बढ़ावा देने वाली इस अनूठी पहल के बारे में जानकारी दी।

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माइक मासिमिनो ने छात्रों से संवाद करते हुए नासा अंतरिक्ष यात्री के रूप में अनुभवों, अंतरिक्ष मिशनों की चुनौतियों और भविष्य में अंतरिक्ष अन्वेषण के बारे में अंतर्दृष्टि साझा की। उनके प्रेरणादायक संबोधन ने छात्रों को बड़े सपने देखने और एसटीईएम क्षेत्रों में जोश के साथ काम करने के लिए प्रोत्साहित किया।

उल्लेखनीय है कि अटल टिंकरिंग लैब्स नीति आयोग के अटल इनोवेशन मिशन की एक पहल है, जिसका उद्देश्य स्कूल के छात्रों में नवाचार की मानसिकता को बढ़ावा देना है। एटीएल एक कार्यक्षेत्र है, जहां युवा अपनी सोच को भौतिक आकार दे सकते हैं और नवाचार कौशल सीख सकते हैं। यहां बच्चे विज्ञान, इलेक्ट्रॉनिक्स, रोबोटिक्स, ओपन-सोर्स माइक्रोकंट्रोलर बोर्ड्स, सेंसर, 3डी प्रिंटर और कंप्यूटर जैसे उपकरणों के साथ काम करके एसटीईएम (विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित) के सिद्धांतों को समझ सकते हैं।

माइक मासिमिनो एक पूर्व नासा अंतरिक्ष यात्री और कोलंबिया विश्वविद्यालय के मेकेनिकल इंजीनियरिंग के प्रोफेसर हैं। उन्होंने मासाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से इंजीनियरिंग में डॉक्टरेट की डिग्री प्राप्त की है। नासा में अंतरिक्ष यात्री के रूप में चयनित होने से पहले, उन्होंने आईबीएम, नासा और मैकडॉनेल डगलस एयरोस्पेस में इंजीनियर के रूप में काम किया था। माइक ने 2002 और 2009 में हबल स्पेस टेलीस्कोप की सेवा में दो अंतरिक्ष मिशनों में भाग लिया। अपने करियर के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण पुरस्कार प्राप्त किए, जिनमें दो नासा स्पेस फ्लाइट मेडल और नासा डिस्टिंग्विश्ड सर्विस मेडल शामिल हैं। माइक मासिमिनो वर्तमान में न्यूयॉर्क शहर के इंट्रेपिड सी, एयर एंड स्पेस म्यूजियम में अंतरिक्ष कार्यक्रमों के सीनियर सलाहकार हैं और कोलंबिया विश्वविद्यालय में प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं।

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–आईएएनएस

पीएसके/एकेजे

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