सोनभद्र-जायसवाल समाज की तहसील स्तर की बैठक, समाज के उथान पर चर्चा,

कृपा शंकर पांडेय,ओबरा/सोनभद्र –ओबरा के क्लब नंबर 4 में जायसवाल समाज की तहसील स्तरीय बैठक आयोजित की गई। इसमें ओबरा तहसील क्षेत्र के कोन, चोपन और ओबरा सहित विभिन्न क्षेत्रों से समाज के सेकड़ों सदस्य शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य समाज के हित में प्रभावी कदम उठाने पर चर्चा करना था। सभी वक्ताओं ने समाज की एकजुटता पर अपने विचार रखे और इस बात पर जोर दिया कि समाज का विकास तभी संभव है जब अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक लाभ पहुंचे।
ओबरा अध्यक्ष महेश जायसवाल ने उपस्थित सभी सदस्यों का माल्यार्पण कर स्वागत किया। कार्यक्रम की शुरुआत सहस्त्रबाहु जी महाराज के चित्र पर दीप प्रज्वलित कर और माल्यार्पण के साथ हुई। बैठक में प्रस्तावित जायसवाल भवन के निर्माण पर विस्तृत चर्चा हुई। ओबरा अध्यक्ष महेश जायसवाल ने पूर्व में ही भवन के लिए अपनी ओर से भूमि देने की घोषणा की थी। इस तहसील स्तरीय बैठक में भवन निर्माण हेतु चंदा और सामग्री के लिए घोषणाएं की गईं। लगभग 5 लाख रुपये की सहायता राशि के लिए लोगों ने योगदान देने की बात कही। कुछ सदस्यों ने तत्काल रसीद कटवाकर अपना योगदान दिया, जबकि कई अन्य ने आवश्यकता पड़ने पर और अधिक सहयोग देने की इच्छा व्यक्त की। कार्यक्रम के समापन के बाद सभी सदस्यों ने सहभोज में हिस्सा लिया। इस अवसर पर मंगला प्रसाद ने समाज की दो निर्धन बेटियों की पढ़ाई का खर्च उठाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि समाज को आर्थिक संतुलन के साथ-साथ संस्कारी भी बनना होगा। महेश जायसवाल ने शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि यह राजनीति और चहुंमुखी विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि समाज की अंतिम पंक्ति के लोगों को आगे बढ़ाने से ही समाज निश्चित रूप से प्रगति करेगा।
मंगल जायसवाल ने समाज के सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे अपने से पीछे बैठे व्यक्ति का हाथ पकड़कर उसके सुख-दुख में भागीदार बनें। उन्होंने जोर दिया कि समाज तभी आगे बढ़ेगा जब हम सभी मिलकर कमजोर और जरूरतमंद लोगों की सहायता करेंगे। उन्होंने विशेष रूप से घोषणा कि समाज की उन बेटियों की शिक्षा में मदद करेंगे जो पढ़ नहीं पा रही हैं। साथ ही, सभी से अपील की कि असहाय व्यक्तियों की सहायता के लिए आगे आने का आह्वान किया। मंगल जायसवाल ने कहा कि जिस दिन यह भावना आ जाएगी और हम एक-दूसरे का हाथ पकड़कर आगे बढ़ेंगे, उसी दिन समाज सही मायने में प्रगति करेगा। उन्होंने समाज की वर्तमान स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की, जहां कुछ लोगों को उचित सम्मान नहीं मिल पाता।
पूर्व प्रधान और ओबरा अध्यक्ष महेश जायसवाल ने जोर देकर कहा कि समाज का लक्ष्य सभी वर्गों को जोड़ना और उनके लिए काम करना है। उन्होंने बताया कि समाज के अमीर या गरीब, हर व्यक्ति को आगे बढ़ने में मदद की जाएगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसी भी सदस्य को जरूरत पड़ने पर समाज आधी रात को भी साथ खड़ा रहेगा। शादी, विवाह या अन्य कार्यक्रमों में समाज का पूरा सहयोग मिलेगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी सदस्य कंधे से कंधा मिलाकर समाज के साथ चलेंगे और किसी भी समस्या से डरने की आवश्यकता नहीं है। जायसवाल ने समाज की पहचान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे कलवार जाति वर्ग से आते हैं, जिसे जायसवाल समाज का शीर्षक दिया गया है। उन्होंने दावा किया कि जायसवाल समाज किसी से कमजोर नहीं है और देश की जीडीपी में महत्वपूर्ण योगदान देता है।
उन्होंने पूर्व में हुए 11 सहयोगों का जिक्र करते हुए कहा कि यह आंकड़ा जल्द ही 22 और फिर 44 तक पहुंचेगा। समाज अपनी क्षमता के अनुसार सहयोग करेगा और अपने सदस्यों को आगे बढ़ाने का काम करेगा। इस दौरान अध्यक्ष महेश जयसवाल, महामंत्री प्रमोद जायसवाल, कोषाध्यक्ष आदित्य जायसवाल, सहकोषाध्यक्ष पवन जायसवाल, उपाध्यक्ष विशाल गुप्ता, प्रकाश जायसवाल, राकेश जायसवाल, धीरज जायसवाल, श्रीनिवास जायसवाल, महेंद्र जायसवाल, मंत्री विनोद जायसवाल, नीरज जायसवाल, जयप्रकाश जयसवाल, धीरज जायसवाल, आनंद जायसवाल, अभिषेक जायसवाल, अनिल जायसवाल, महामंत्री संतोष जायसवाल, धनेश जायसवाल, पप्पू जायसवाल, रामलाल जायसवाल, मनोज जायसवाल, शेषधर जायसवाल, राजन जायसवाल, धर्मेंद्र जायसवाल, सुनील जायसवाल, संजय जायसवाल, अरविन्द जायसवाल, राजेश जायसवाल और अन्य प्रमुख लोग शामिल रहे।










