मौसम विभाग ने दक्षिणी तमिलनाडु के कई जिलों में बारिश और आंधी की भविष्यवाणी की

चेन्नई, 21 जनवरी (आईएएनएस)। मौसम विभाग ने तमिलनाडु के कई जिलों में गुरुवार को आंधी और बिजली गिरने के साथ बारिश की भविष्यवाणी की है।

क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (आरएमसी) के अनुसार, तिरुनेलवेली, तेनकाशी, थूथुकुडी, डिंडीगुल और कन्याकुमारी जिले में बारिश होने की संभावना है। निचले क्षोभमंडल स्तर पर हल्की से मध्यम उत्तर-पूर्वी और पूर्वी हवाएं चलती रहेंगी।

1 अक्टूबर 2024 को शुरू हुआ पूर्वोत्तर मानसून तमिलनाडु में जोरदार बना हुआ है। इसके कारण पूरे राज्य के साथ-साथ केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में भी व्यापक बारिश हुई है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, वीकेंड और सोमवार तक, तिरुनेलवेली और तेनकाशी जिले के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश हुई। मंजोलाई पहाड़ियों में ऊथु में 15.1 सेमी और नालुमुक्कू में 13.7 सेमी बारिश दर्ज की गई। आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार, कक्काची में (12 सेमी), मंजोलाई में (10.6 सेमी), करुप्पानाथी में (3.6 सेमी), अयिकुडी में (3.1 सेमी), और सर्वलार (1.8 सेमी) सहित अन्य क्षेत्रों में भी बारिश हुई।

लगातार बारिश के कारण पापनासम और मणिमुथार बांधों में पानी का बहाव बढ़ गया है। तिरुनेलवेली, तेनकाशी, अलंगुलम, अंबासमुद्रम और शंकर कोविल के कई इलाकों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है।

कलक्कड़ मुंडनथुराई टाइगर रिजर्व प्रशासन ने सुरक्षा चिंताओं के कारण मणिमुथार झरने और थलाईयनाई में पर्यटकों के नहाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। इसी तरह, तेनकाशी जिला प्रशासन ने पश्चिमी घाट के जलग्रहण क्षेत्रों से पानी के तेज प्रवाह के कारण कुट्रालम झरने में नहाने पर प्रतिबंध लगा दिया है।

तूफानी मौसम की स्थिति के कारण मछुआरों को समुद्र में न जाने की चेतावनी दी गई है। अगले दो दिनों में दक्षिणी तमिलनाडु तट, कोमोरिन क्षेत्र और मन्नार की खाड़ी में हवा की गति 35-45 किमी/घंटा के बीच रहने की उम्मीद है। हवा की गति 55 किमी/घंटा तक जा सकती है। समुद्र में नमी के स्तर में वृद्धि और हवा के बदलते पैटर्न के कारण पूरे राज्य में बारिश जारी है।

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तमिलनाडु में पूर्वोत्तर मानसून के मौसम में 14 प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई है, जिसमें 447 मिमी बारिश हुई है, जबकि मौसमी औसत 393 मिमी है। चेन्नई में 845 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो औसत से 16 प्रतिशत ज्यादा है, जबकि कोयंबटूर में 47 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई।

–आईएएनएस

एफजेड/

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