महाकुंभ में श्रद्धालुओं के लिए संचालित हो रही हैं स्पेशल मेला ट्रेन

नई दिल्ली, 10 फरवरी (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ में आस्था की डुबकी लगाने के लिए देशभर से श्रद्धालु रेल मार्ग से पहुंच रहे हैं। ऐसे में भीड़ को व्यवस्थित करने के लिए रेलवे द्वारा प्रयागराज क्षेत्र के आठ प्रमुख स्टेशनों से स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। महाकुंभ में तीन अमृत स्नान पूर्ण होने के बाद भी काफी तादाद में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। ऐसे में रेलवे की तैयारियों को लेकर न्यूज एजेंसी आईएएनएस ने रेलवे के कुछ वरिष्ठ अधिकारियों से बात की।

उत्तर मध्य रेलवे के सीपीआरओ शशिकांत त्रिपाठी ने महाकुंभ 2025 की व्यवस्थाओं पर कहा, “महाकुंभ के दौरान, उत्तर मध्य रेलवे, पूर्वोत्तर रेलवे और उत्तर रेलवे प्रयागराज क्षेत्र के आठ प्रमुख स्टेशनों से नियमित और विशेष मेला ट्रेनों का संचालन कर रहा है। हमारा मुख्य कार्य संगम में पवित्र स्नान करने के इच्छुक श्रद्धालुओं के आगमन को सुविधाजनक बनाना और उनके गंतव्य तक उनकी सुगम वापसी सुनिश्चित करना है।”

मध्य रेलवे के सीपीआरओ स्वप्निल नीला ने महाकुंभ 2025 की व्यवस्थाओं पर कहा, “भारतीय रेलवे ने ऐसे आयोजनों के दौरान यात्रियों की आवाजाही को प्रभावी ढंग से प्रबंधित करने के लिए प्रयागराज के आसपास आठ अलग-अलग स्टेशन विकसित किए हैं। इन स्टेशनों को विकसित करने का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्री आसानी से उसी दिशा में वापस लौट सकें, जहां से वे आए थे। महाराष्ट्र से प्रयागराज और उसके आसपास के क्षेत्रों के लिए प्रतिदिन लगभग 20 से 22 विशेष और नियमित ट्रेनें संचालित की जा रही हैं।

रेप जैसी घटनाओं का कारण खराब परवरिश, आरोपी की मानसिक स्थिति का विश्लेषण जरूरी : किरण बेदी

नॉर्दन रेलवे के सीपीआरओ हिमांशु शेखर ने कहा कि महाकुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार से आवागमन में दिक्कत न हो, इसके लिए रेलवे की तैयारी पूरी है। पुरानी चीजों से सबक लेते हुए राज्य सरकार के साथ तालमेल बिठाते हुए हम काम कर रहे हैं। रेल मंत्री के दिशा-निर्देश में हमारी टीम काम कर रही है। अब तक हम 364 स्पेशल ट्रेन चला चुके हैं, अगर आवश्यकता पड़ती है तो यह इतिहास हम दोहराने की स्थिति में हैं। आवश्यकता पड़ने पर हम इससे भी ज्यादा ट्रेन चला सकते हैं।

–आईएएनएस

डीकेएम/सीबीटी

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *