अवैध आर्म्स फैक्ट्री और शराब का सरगना और सहयोगी गिरफ्तार, इनपुट तलाशने में जुटी पुलिस 

मीडिया हाउस न्युज एजेंसी बोकारो  : बोकारो के जरीडीह बाजार में पिछले दिनों कोलकाता एसटीएफ के इनपुट के आधार पर झारखंड एटीएस और बोकारो पुलिस के सहयोग से पकड़ी गई आर्म्स फैक्ट्री के मालिक सूरज साव को पुलिस ने गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। उसके साथ एक अन्य अपराधी सुरज प्रजापति को भी गिरफ्तार किया गया है जो इस अवैध आर्म्स फैक्ट्री के संचालन में मुख्य भूमिका में था। बोकारो के पुलिस अधीक्षक हरविंदर सिंह ने मीडिया के सामने इस फैक्ट्री के संचालक की गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि इस फैक्ट्री और फैक्ट्री के संचालक के संबंध कहां-कहां से है इसकी जानकारी बटोरी जा रही है सूरज साहू और सहयोगी का अपराधीक इतिहास रहा हैं तथा इसका नेटवर्क बिहार के मुंगेर से भी है। पुलिस इस बात का पता लगाने में जुटी है कि उस आर्म्स फैक्ट्री के लिए रॉ मटेरियल कहां से आता था और मशीन कहां से उपलब्ध कराई गई थी। यहां से हथियारों के सेमी फिनिश प्रोडक्ट को फिनिश करके उसे कहां हथियार का अंतिम स्वरूप देना था और इस तरह से तैयार आर्म्स को किस मार्केट में खपाना था। इसका जांच किया जा रहा है। बेरमो के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बी एन सिंह के नेतृत्व में गठित टीम में शामिल बेरमो के थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक रोहित कुमार सिंह गांधीनगर के प्रभारी धनंजय कुमार सिंह पुलिस वन निरीक्षक रवि नारायण झा और बिल फ्रेंड लकड़ा अंतर प्रांतीय स्तर पर जुड़ी इस फैक्ट्री का किस किस स्टेट से कनेक्शन था इसके तार को भी सुलझाने में पुलिस की यह टीम लगी हुई है। इसके पहले कोलकाता एसटीएफ को मिले इनपुट के आधार पर धनबाद में एक फैक्ट्री पकड़ी गयी थी। इसके बाद जरीडीह बाजार में एक मैरिज हॉल की आड़ में संचालित हो रही इस अवैध आर्म्स फैक्ट्री की सूचना कोलकाता एस टी एफ को मिली और फिर इस फैक्ट्री का उद्वेदन बोकारो पुलिस के सहयोग से किया गया। यहां जब छापा मारा गया तो सभी की आंखें चकरा गई, जब शादी विवाह के हाॅल की आड़ में इस आर्म्स फैक्ट्री की कलई खुली। यहां से बड़ी मात्रा में अर्ध निर्मित हथियार, हथियार बनाने के उपयोग में आने वाली सामग्री और मशीनें जप्त की गई थीं और मौके से इस फैक्ट्री के संचालन से जुड़े प्रवीण कुमार और केशव कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। पुलिस की मानें तो पिछले दिनों सूरज साव किसी शराब के अवैध कारोबार से जुड़े मामले में मुंगेर की जेल में बंद था। जेल में ही उसे हथियार बनाने की ट्रेनिंग ली और अवैध तरीके से हथियार की फैक्ट्री लगाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। इसके लिए रो- मटेरियल कहां से आएगा अर्ध निर्मित हथियार को कहां कायदे से अंतिम रूप देकर हथियार बनाया जाएगा और फिर इस हथियार को किस मार्केट में खपाया जाएगा इसकी पूरी जानकारी दी गई। जेल में पूरी तरह से पारंगत होने के बाद सूरज साव ने यहां हथियार की फैक्ट्री डाल दी। लेकिन यह फैक्ट्री अभी खुली ही थी की पुलिस ने इसका सारा खेल बिगाड़ दिया।

डिग्री कॉलेज गोमिया में विनोद बिहारी महतो की 102वीं जयंती मनाई गई

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *