तीन माह तक प्रभावी रहेगी योजना, मूल बकाया जमा करने पर ब्याज में 50 से 100 प्रतिशत तक की छूट

मीडिया हाउस न्यूज एजेंसी सोनभद्र-उपायुक्त (प्रशासन), राज्य कर, सोनभद्र द्वारा अवगत कराया गया कि उत्तर प्रदेश शासन के माध्यम से उत्तर प्रदेश ब्याज माफी योजना-2026 लागू की गई है। इस योजना का उद्देश्य पुराने व्यापार कर, वैट एवं अन्य निर्दिष्ट कर अधिनियमों के अंतर्गत लंबित बकाया तथा ब्याज एवं अर्थदण्ड के मामलों के निस्तारण को प्रोत्साहित करना तथा व्यापारियों को बकाया ब्याज एवं अर्थदण्ड में निर्धारित छूट प्रदान करना है। योजना उत्तर प्रदेश बिक्री कर अधिनियम, 1948, केंद्रीय बिक्री कर अधिनियम, 1956, उत्तर प्रदेश व्यापार कर अधिनियम, 1995, उत्तर प्रदेश मूल्य संवर्धित कर अधिनियम, 2008, उत्तर प्रदेश प्रवेश कर अधिनियम, 2007 तथा शासनादेश में उल्लिखित अन्य संबंधित अधिनियमों के अंतर्गत दिनांक 31 दिसंबर, 2025 तक सृजित बकाया मांग पर लागू होगी।
योजना के अंतर्गत निर्धारित धनराशि पूर्ण रूप से जमा करने पर ब्याज में निम्नानुसार छूट प्रदान की जाएगी। 10 लाख रुपये तक के मूल बकाया पर 100 प्रतिशत, 10 लाख रुपये से अधिक एवं 1 करोड़ रुपये तक पर 90 प्रतिशत, 1 करोड़ रुपये से अधिक एवं 5 करोड़ रुपये तक पर 75 प्रतिशत तथा 5 करोड़ रुपये से अधिक के मूल बकाया पर 50 प्रतिशत ब्याज माफी का प्रावधान है। इसके अतिरिक्त, केवल बकाया धनराशि जमा न करने के कारण आरोपित अर्थदण्ड में 100 प्रतिशत माफी का प्रावधान किया गया है। अन्य प्रकार के अर्थदण्ड इस योजना में शामिल नहीं होंगे। ऐसे व्यापारी, जिन्होंने पूर्व में मूल बकाया धनराशि आंशिक अथवा पूर्ण रूप से जमा कर दी है, वे भी नियमानुसार योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। न्यायालयों में लंबित मामलों में भी शासनादेश में निर्धारित शर्तों एवं आवश्यक औपचारिकताओं की पूर्ति के अधीन योजना का लाभ प्राप्त किया जा सकता है।
उपायुक्त (प्रशासन), राज्य कर, सोनभद्र ने अवगत कराया कि यह योजना शासनादेश जारी होने की तिथि 16 अक्टूबर, 2026 से तीन माह के लिए प्रभावी रहेगी। योजना का लाभ प्राप्त करने के इच्छुक व्यापारी विभागीय पोर्टल [http://comtax.up.nic.in]पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन से पूर्व निर्धारित मूल बकाया एवं देय ब्याज की धनराशि जमा कर संबंधित चालान का विवरण पोर्टल पर उपलब्ध कराना होगा। ऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के उपरांत संबंधित अधिकारी द्वारा निर्धारित समयावधि में बकाया धनराशि, ब्याज एवं अर्थदण्ड का सत्यापन किया जाएगा। आवेदन सही पाए जाने पर नियमानुसार बकाया निस्तारण एवं आरसी (RC) बेबाकी संबंधी प्रमाण-पत्र जारी किए जाने की व्यवस्था है।
योजना का लाभ अधिकाधिक व्यापारियों तक पहुंचाने तथा आवेदन प्रक्रिया में आने वाली समस्याओं के समाधान के लिए राज्य कर कार्यालय, रॉबर्ट्सगंज, सोनभद्र में व्यापारी हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई है। हेल्प डेस्क के माध्यम से व्यापारियों को योजना की पात्रता, बकाया मूलधन एवं ब्याज की गणना, देय धनराशि के सत्यापन, ऑनलाइन आवेदन, चालान अपलोड करने तथा आवेदन से संबंधित त्रुटियों के निराकरण के लिए आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा।
व्यापारी हेल्प डेस्क राज्य कर कार्यालय, रॉबर्ट्सगंज, सोनभद्र में कार्यदिवसों के दौरान प्रातः 10:00 बजे से सायं 6:00 बजे तक संचालित रहेगा। अधिक जानकारी एवं सहायता के लिए व्यापारी कार्यालय के दूरभाष नंबर 05444-297719, 9450587133 एवं 8318230317 पर संपर्क कर सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन पोर्टल [http://comtax.up.nic.in] पर उपलब्ध है।
उपायुक्त (प्रशासन), राज्य कर, सोनभद्र द्वारा जनपद के समस्त व्यापारियों, व्यापार मंडलों, अधिवक्ताओं एवं कर सलाहकारों से अपील की गई है कि वे ब्याज माफी योजना-2026 का व्यापक प्रचार-प्रसार करें तथा पात्र व्यापारियों को निर्धारित अवधि में योजना का लाभ प्राप्त करने हेतु प्रेरित करें। विशेष रूप से पुराने व्यापार कर एवं वैट के बकायेदारों से अनुरोध किया गया है कि वे अपने लंबित बकाया प्रकरणों की जानकारी प्राप्त कर योजना के अंतर्गत उपलब्ध छूट का लाभ उठाएं और अपने पुराने कर बकाया का नियमानुसार निस्तारण कराएं।










