403 विधानसभाओं में निकाली जा रही गौ-संरक्षण एवं सनातन जागृति यात्रा

मीडिया हाउस सोनभद्र – ज्योतिर्मठ शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती द्वारा उत्तर प्रदेश की 403 विधानसभाओं में निकाली जा रही गौ-संरक्षण एवं सनातन जागृति यात्रा जनपद सोनभद्र पहुंची। यात्रा ने जनपद में घोरावल विधानसभा से प्रवेश किया, जिसके बाद रॉबर्ट्सगंज होते हुए ओबरा नगर पहुंची। ओबरा में श्रद्धालुओं एवं सनातन धर्मावलंबियों द्वारा यात्रा का स्वागत किया गया। कार्यक्रम के उपरांत यात्रा दुद्धी विधानसभा की ओर रवाना हुई।
ओबरा नगर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गो-पूजन संपन्न कराया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे। अपने संबोधन में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने सनातन धर्म, शास्त्र आधारित जीवन, विवेक एवं मर्यादा के महत्व पर विस्तार से विचार रखे।
उन्होंने कहा कि आज समाज में धर्म के नाम पर भ्रम और दिखावे की स्थिति भी देखने को मिल रही है, इसलिए लोगों को वास्तविक धर्म और केवल बाहरी स्वरूप के बीच अंतर समझने की आवश्यकता है। उन्होंने रामचरितमानस एवं लक्ष्मण रेखा के प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि धर्म का वास्तविक आधार विवेक, मर्यादा और आचरण है। केवल बाहरी वेशभूषा देखकर किसी को संत मान लेना उचित नहीं है, बल्कि शास्त्र और सदाचार के आधार पर सही मार्गदर्शन को पहचानना आवश्यक है।
स्वामी जी ने कहा कि समाज में सनातन जागृति के साथ-साथ गौ-संरक्षण को धरातल पर प्रभावी बनाने की आवश्यकता है। इसी क्रम में गौ-सेवा, गौशाला निर्माण एवं संरक्षण कार्यों को मजबूत करने के उद्देश्य से प्रत्येक विधानसभा स्तर पर प्रतिनिधियों की नियुक्ति की जा रही है। ओबरा विधानसभा क्षेत्र के लिए राकेश मिश्रा को प्रतिनिधि नियुक्त किया गया।
कार्यक्रम के दौरान स्वामी जी ने युवाओं से भी सनातन परंपरा, शास्त्र अध्ययन और समाजहित से जुड़े कार्यों में सक्रिय सहभागिता का आह्वान किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखा गया।










