खेल केवल जीतने के लिए नहीं, बल्कि जीवन को नई दिशा देने के लिए भी होते हैं : कुणाल दरिपा

मीडिया हाउस न्युज एजेंसी बोकारो : राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर ईएसएल स्टील लिमिटेड अपने वेदांता ईएसएल आर्चरी अकादमी (VEAA) के युवा खिलाड़ियों की उपलब्धियों का सम्मान कर रहा है। बोकारो, झारखंड की यह अकादमी ग्रामीण बच्चों को गाँव से महानता तक पहुँचने का मौका दे रही है। 2018 में स्थापित इस अकादमी में आज 55 से अधिक बच्चे पेशेवर कोचों से प्रशिक्षण ले रहे हैं। यहाँ उन्हें अभ्यास के साथ-साथ तीरंदाजी के उपकरण, पौष्टिक आहार, फिटनेस और प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने का अवसर दिया जाता है। अब तक अकादमी के खिलाड़ियों ने 185 मेडल जीते हैं, जिनमें से 10 राष्ट्रीय स्तर पर हैं।

इनमें से कुछ युवा सितारे हैं: यवना यादव (10 साल, मुनीदीह गाँव): 2022 में नेशनल आर्चरी चैंपियनशिप किड्स में गोल्ड मेडल, और 2023 व 2025 में एनटीपीसी चेऱुकुरी लेनिन मेमोरियल चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल।
कृतिका कुमारी (सियालजोड़ी): 2024 में मिनी नेशनल आर्चरी चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल, जो रोज़ अपने गाँव से साइकिल चलाकर अभ्यास के लिए आती हैं। चित्रंजन टुडू (भगबांध): 2023 में नेशनल गेम्स में झारखंड का प्रतिनिधित्व किया, ऑल इंडिया यूनिवर्सिटी नेशनल्स में सिल्वर मेडल जीता और 2024 में सरकारी छात्रवृत्ति प्राप्त की।

इस अवसर पर ईएसएल स्टील के सीएसआर हेड कुणाल दरिपा ने कहा कि राष्ट्रीय खेल दिवस हमें यह सिखाता है कि खेल केवल जीतने के लिए नहीं, बल्कि जीवन को नई दिशा देने के लिए भी होते हैं। ईएसएल आर्चरी अकादमी के ज़रिए हम गाँव-गाँव की प्रतिभाओं को सामने ला रहे हैं और उन्हें बड़े सपनों तक पहुँचाने में मदद कर रहे हैं। इस राष्ट्रीय खेल दिवस पर ईएसएल स्टील लिमिटेड भारत की खेल भावना को सलाम करता है और वादा करता है कि वह इन नन्हें खिलाड़ियों का हमेशा साथ देगा, जिनके तीर उज्ज्वल भविष्य की ओर निशाना साध रहे हैं।

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